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नमस्ते सदा वत्सले एवं जयती जननी जन्मभूमि पर हुई प्रस्तुति

  • वंदे मातरम उत्सव देखने उमड़ी भीड, शिल्प मेला 4 नवंबर तक चलेगा

नवीन मौर्य

नित्य संदेश, इंदौर। रविवार का दिन दोपहर से ही शिल्प कपड़े खाने-पीने के समान घरेलू उपयोग की वस्तुएं खरीदने के लिए जनता का आना दशहरा मैदान पर शुरू हो गया था शाम ढलते ही भीड़ काफी बढ़ गई थी और शाम 7:00 बजे से कला प्रेमी दर्शन मंच के आसपास इकट्ठा होना शुरू हो गए थे।

लोक संस्कृति मंच के संयोजक एवं सांसद शंकर लालवानी ने बताया कि संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार एवं लोक संस्कृति मंच के संयुक्त तत्वाधान में वंदे मातरम उत्सव की सांस्कृतिक संध्या की यह अंतिम रात्रि है। शिल्प मेला 2 नवंबर तक जारी रहेगा ।

आठ नृत्य शैलियों में प्रस्तुति

शंकर लालवानी ने बताया कि वंदे मातरम गीत के 150 गौरवशाली वर्ष पूर्ण होने पर गंधर्व अकादमी की गुरु आशा अग्रवाल के शिष्यों ने 8 शास्त्रीय शैलियों में भारत माता की वंदना, गुणगान किया जिसमें भरतनाट्यम, कथकली, कुचिपुड़ी, ओडिसी, मोहिनीअट्टम, मणिपुरी, सत्रीय द्वारा पूरे भारत का दर्शन कराया ।

वहीं ध्रुपद अकादमी के आशीष पिल्लई समूह ने एक शानदार फ्यूजन प्रस्तुत किया जिसमें भरतनाट्यम एवं कत्थक की जुगलबंदी तिल्लाना .. तराना का मिक्सर प्रस्तुत किया जिसमें उन्होंने वंदे मातरम की प्रस्तुति दी व्हाइट और ब्लू रंग की ड्रेस पहने बच्चे बड़े खूबसूरत लग रहे थे।

राशि शर्मा एवं समूह ने नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमि पर एक शानदार प्रस्तुति दी, वहीं दीपा शर्मा द्वारा मातृभूमि की वंदना और देश की प्रशंसा में जयति जननी जन्मभूमि मातृभूमि पर नृत्य किया।

दीपक लवंगडे ने बताया कि पूजा पटवर्धन के समूह ने कथक के माध्यम से देशभक्ति को दर्शाया अंत में एक बड़ा तिरंगा झंडा लेकर लहराया गया जो एक अद्भुत दृश्य प्रस्तुत कर गया । स्मृति आदित्य समूह ने शिव स्तुति कत्थक के माध्यम से प्रस्तुत की ।प्रिया गोखले समूह ने भारत की विविधताओं में एकता पर एक नृत्य प्रस्तुत किया जिसमें उन्होंने एयर फोर्स, नेवी, सेना, खेती ,धर्म, साइंस की प्रगति को भावों के माध्यम से दर्शाया और बताया देश प्रगति के पथ पर बढ़ रहा है कथक में हुई यह प्रस्तुति एक अनोखा अनुभव दे गई।

नितिन तापड़िया एवं विशाल गिद्वानी ने बताया कि सर्वप्रथम आज शिल्पा दिक्षित एवं स्मिता पानसे के समूह ने संपूर्ण वंदे मातरम का समूह गान प्रस्तुत किया जिसमें सभी दर्शकों ने खड़े होकर अपनी देशभक्ति को प्रदर्शित किया. आज संतोष देसाई एवं समूह ने भी नृत्य प्रस्तुत किया

वंदे मातरम उत्सव के तहत सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आज अंतिम दिवस था शिल्प मेला 4 नवंबर को भी चालू रहेगा। संपूर्ण कार्यक्रम में संचालन शिल्पा दीक्षित ने किया कार्यक्रम की कोऑर्डिनेटर दमयंती भाटिया मैडम थी।

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