नित्य संदेश ब्यूरो
मेरठ। जैनाचार्य सौरभ सागर महाराज के 56वें जन्म जयंती महोत्सव के उपलक्ष्य में जिला कारागार में कवि युगल सौरभ जैन सुमन एवं डॉ. अनामिका जैन अम्बर ने फल वितरित किए।इस मध्य उनकी भेंट कारागार में नीले ड्रम कांड की अभियुक्त मुस्कान से भी हुई। ज्ञात हो जबसे मुस्कान जेल में है, अभी तक कोई भी उससे मुलाकात करने नहीं आया है। ये पहला अवसर था, जबकि कारागार में उससे किसी ने भेंट की हो।
डॉ. अनामिका जैन अम्बर ने कहा कि उनसे बात करते हुए मुस्कान की आंखों में आंसू थे। पश्चाताप की अग्नि में झुलस रही मुस्कान को अब अपनी दुधमुंही बेटी के भविष्य की चिंता है।
सौरभ सुमन ने बताया कि फल देते हुए जब उन्होंने मुस्कान को कहा कि पूज्य श्री का जन्मदिन है, इसे प्रसाद समझ कर ग्रहण करो, जो भी पाप हुए हैं वो क्षय होंगे, ईश्वर सब अच्छा करेंगे। ये सुन कर मुस्कान की आँखें भर गई। वो कुछ नहीं बोली और प्रसाद स्वीकार किया।
अनामिका जैन अम्बर ने जेल से बाहर आकर इच्छा जताई कि मुस्कान की बिटिया को हम अपने स्कूल में पढ़ाने को, उसका पढ़ाई का समस्त खर्च उठाने को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि निश्चित तौर पर मुस्कान ने अक्षम्य अपराध किया है तथापि उस बिटिया का क्या दोष जिसने जन्म भी कारवास में लिया। उससे उसकी मां को छीनना न्याय नहीं है। मैं माननीय न्यायालय से प्रार्थना करूंगी कि मुस्कान को तब तक फांसी न दी जाए जब तक उसकी बिटिया इस योग्य न हो जाए कि वो खुद का लालन पालन कर सके। सौरभ सुमन ने कहा कि हमारा स्कूल है। हम मुस्कान की बिटिया को निःशुल्क शिक्षा देना चाहते हैं। उसका विवाह तक शिक्षा पर जो भी व्यय होगा वह कवि युगल उठाने को तैयार है।


